
ममता त्रिपाठी की रिपोर्ट
उत्तर प्रदेश में दीपावली के बाद वरिष्ठ IPS अधिकारियों के संभावित तबादलों को लेकर प्रशासनिक गलियारों में चर्चाएं तेज हो गई हैं। इन चर्चाओं के केंद्र में सबसे अहम नाम नोएडा पुलिस कमिश्नर की कुर्सी का है। इस महत्वपूर्ण पद पर तैनाती को लेकर प्रदेश के कई वरिष्ठ IPS अधिकारियों के नाम चर्चा में बताए जा रहे हैं।
प्रशासनिक गलियारों में चल रही चर्चाओं के मुताबिक, कई अधिकारी इस महत्वपूर्ण जिम्मेदारी को हासिल करने के लिए अपनी दावेदारी मजबूत करने में जुटे हैं। लखनऊ से लेकर गोरखपुर तक संभावित तैनाती को लेकर चर्चाओं का दौर जारी है।
नोएडा पुलिस कमिश्नर की कुर्सी के लिए जिन वरिष्ठ अधिकारियों के नाम चर्चा में हैं, उनमें वाराणसी के पुलिस कमिश्नर मोहित अग्रवाल, प्रयागराज IG रेंज अजय मिश्रा, लखनऊ ADG जोन प्रवीण त्रिपाठी और लखनऊ IG रेंज किरण एस सहित कई वरिष्ठ IPS अधिकारी शामिल बताए जा रहे हैं।
हालांकि, अभी तक शासन की ओर से किसी भी अधिकारी के तबादले या नई तैनाती को लेकर आधिकारिक घोषणा नहीं की गई है।
चार साल का कार्यकाल, लक्ष्मी सिंह की कार्यशैली भी चर्चा में
वहीं, वर्तमान नोएडा पुलिस कमिश्नर एवं 2000 बैच की वरिष्ठ IPS अधिकारी लक्ष्मी सिंह का कार्यकाल भी इस पूरी चर्चा का अहम हिस्सा बना हुआ है। 30 नवंबर 2026 को वह नोएडा पुलिस कमिश्नर के रूप में अपने चार वर्ष पूरे करने जा रही हैं।
चार साल के इस सफर में लक्ष्मी सिंह ने कानून-व्यवस्था, अपराध नियंत्रण, महिला सुरक्षा, यातायात प्रबंधन और पुलिस की जनसेवा से जुड़े विषयों पर सक्रियता के साथ काम किया है। त्योहारों और बड़े आयोजनों के दौरान सुरक्षा व्यवस्था की निगरानी से लेकर पुलिसिंग को अधिक प्रभावी बनाने तक उनकी भूमिका लगातार चर्चा में रही है।
लक्ष्मी सिंह के कार्यकाल की खास बात उनकी सक्रिय प्रशासनिक कार्यशैली और पुलिस व्यवस्था को लेकर निरंतर प्रयास रहे हैं। नोएडा जैसे तेजी से विकसित हो रहे महानगर में कानून-व्यवस्था बनाए रखना एक बड़ी चुनौती है। ऐसे में चार साल तक इस महत्वपूर्ण जिम्मेदारी को संभालना उनके कार्यकाल का एक उल्लेखनीय पहलू है।
अब सबसे बड़ा सवाल यही है कि शासन लक्ष्मी सिंह को नोएडा में आगे भी जिम्मेदारी सौंपता है या फिर कमिश्नरेट को नया पुलिस कमिश्नर मिलता है।
फिलहाल नोएडा पुलिस कमिश्नर की कुर्सी को लेकर चर्चाएं तेज हैं। कई वरिष्ठ अधिकारियों के नाम सामने आ रहे हैं, लेकिन अंतिम फैसला शासन को ही करना है।
नोएडा की इस अहम कुर्सी पर किसकी ताजपोशी होगी और क्या लक्ष्मी सिंह अपने कार्यकाल को आगे बढ़ाएंगी? इसका जवाब आने वाले दिनों में शासन के फैसले से ही मिलेगा।
नेशनल टुडे मीडिया



