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अलवर में लॉन्च हुआ बूट्स हाइट्स-अरावली, 6 महीने में फ्लैट्स का पजेशन का वादा

आमतौर पर जब कोई रेजिडेंशियल या कॉमर्शियल प्रोजेक्ट औपचारिक रूप से लांच होता है तो उसमें बनने वाले फ्लैट या दुकानों का पजेशन मिलने में कई सालों का समय लगता है और पजेशन के लिए भी इंतजार करना पड़ता है, लेकिन राजस्थान के ऐतिहासिक शहर अलवर में हाल ही में औपचारिक रूप से लांच हुए एक प्रोजेक्ट ने हंगामा मचा दिया है. इंफ्रास्ट्रक्चर और कंस्ट्रक्शन क्षेत्र की कंपनी बूट्स ने शहर में पहली लग्जरी हाई-राइज रेसिडेंशियल परियोजना बूट्स हाइट्स-अरावली अपार्टमेंट्स का औपचारिक शुभारंभ किया है. यह परियोजना इसलिए भी खास है क्योंकि यह अलवर में संगठित वर्टिकल लिविंग की शुरुआत है.
अभी तक पारंपरिक आवासों वाले अलवर के सूर्या नगर में बूट्स हाइट्स को शहर की पहली प्रीमियम हाई-राइज रिहायशी परियोजना के रूप में पेश किया गया है. यह खासतौर पर हाई राइज की इच्छा रखने वाले परिवारों और प्रोफेशनल्स को ध्यान में रखते हुए डिजाइन की गई है.
क्या है इस प्रोजेक्ट में?
अलवर में बने इस प्रोजेक्ट में 15-15 मंजिलों की दो टावर बनाई गई हैं. इनमें हर एक मंजिल पर 5 अपार्टमेंट होंगे. इस प्रकार कुल 150 आधुनिक 2 और 3 बीएचके फ्लैट्स उपलब्ध होंगे. इसकी शुरुआती कीमत 5,500 प्रति वर्ग फुट रखी गई है. जबकि सबसे दिलचस्प है कि 6 महीनों के भीतर पजेशन का वादा इसे क्षेत्र की चुनिंदा रेडी-टू-मूव लग्जरी प्रोजेक्ट बना रहा है. चूंकि यह परियोजना भारत सरकार के तहत आने वाली कंपनी एनबीसीसी की है, ऐसे में इसका सिविल स्ट्रक्चर एनबीसीसी द्वारा पहले ही पूरा किया जा चुका है.
अलवर में बने इस प्रोजेक्ट में 15-15 मंजिलों की दो टावर बनाई गई हैं. इनमें हर एक मंजिल पर 5 अपार्टमेंट होंगे. इस प्रकार कुल 150 आधुनिक 2 और 3 बीएचके फ्लैट्स उपलब्ध होंगे. इसकी शुरुआती कीमत 5,500 प्रति वर्ग फुट रखी गई है. जबकि सबसे दिलचस्प है कि 6 महीनों के भीतर पजेशन का वादा इसे क्षेत्र की चुनिंदा रेडी-टू-मूव लग्जरी प्रोजेक्ट बना रहा है. चूंकि यह परियोजना भारत सरकार के तहत आने वाली कंपनी एनबीसीसी की है, ऐसे में इसका सिविल स्ट्रक्चर एनबीसीसी द्वारा पहले ही पूरा किया जा चुका है.



