
नोएडा: उत्तर प्रदेश के नोएडा की एक हाईराइज सोसाइटी में आग लग गई। यह घटना सोमवार सुबह सेक्टर-119 स्थित अरण्य सोसाइटी के 21वें फ्लोर पर घटित हुई है। भीषण आग की लपटों को देख सोसाइटी परिसर में हड़कंप मच गया। आग लगने के तुरंत बाद ऊंची-ऊंची लपटें और घना धुआं आसपास तक फैल गया, जिसे दूर से ही देखा जा सकता था। सोसाइटी में रहने वाले लोगों में भगदड़ मच गई। मौके पर मौजूद लोगों ने तुरंत फोन कर फायर ब्रिगेड और स्थानीय पुलिस को सूचना दी। बताया जा रहा है कि ये आग एसी फटने की वजह से लगी है। इस घटना को लेकर सीएम योगी ने संज्ञान लिया है।
फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर मौजूद
घटना की जानकारी मिलने के बाद फायर ब्रिगेड की कई गाड़ियां और स्थानीय पुलिस टीम तुरंत मौके पर पहुंचीं और बचाव व आग बुझाने का काम तेजी से शुरू कर दिया। फायर सर्विस कर्मियों ने ऊँचाई पर स्थित फ्लोर तक पहुंचकर सीढ़ियों और स्पेरींग उपकरणों का उपयोग कर आग पर काबू पाने की कोशिश की। सुरक्षाकर्मियों व प्रशासन ने एहतियात के तौर पर आस-पास के फ्लैटों से लोगों को बाहर निकालकर सुरक्षित दूरी पर सुरक्षित स्थानों पर ठहराया।
एसी फटने की वजह से लगी आग
शुरुआती जानकारी से पता चला है कि आग एसी फटने की वजह से लगी है। लेकिन घटना का सही कारण और क्षति का आकलन फायर सर्विस और पुलिस द्वारा जांच के बाद ही साफ होगा। अब तक गंभीर चोटों या जान-माल के बड़े नुकसान की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। कुछ लोगों को धुएं के संपर्क में आने पर प्राथमिक उपचार दिया गया।
सोसाइटी के 21वें फ्लोर पर लगी आग
गौतमबुद्ध नगर पुलिस कमिश्नरेट प्रवक्ता ने मामले में जानकारी देते हुए बताया कि घटना आज सुबह की हैं। थाना सेक्टर-113 क्षेत्र के सेक्टर-119 स्थित अरण्य सोसाइटी के 21वें फ्लोर में स्थित फ्लेट में आग लगने की सूचना प्राप्त हुई। प्राप्त सूचना पर त्वरित कार्रवाई करते हुए फायर सर्विस यूनिट की 6 गाड़ियां मौके पर मौजूद है। सीएफओ गौतमबुद्ध नगर व स्थानीय पुलिस भी मौके पर मौजूद है। आग बुझाई जा रही है। अभी तक की जानकारी मै कोई फंसा नहीं है, कोई जनहानि नही है।
सीएम योगी ने घटना का लिया संज्ञान
इस घटना को लेकर अब सीएम योगी आदित्यनाथ ने संज्ञान लिया है। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को तुरंत घटनास्थल पर पहुंचने का निर्देश दिया है। इसके साथ ही सीएम ने राहत और बचाव कार्यों में तेजी लाने और घायलों को उचित इलाज मुहैया कराने का आदेश दिया है। प्रशासन को सभी स्तरों पर सतर्कता बरतने और राहत कार्यों की लगातार निगरानी करने का भी निर्देश दिया गया है।



