
साणो: टाइफून दुजुआन और तेज बारिश के कारण 5-5 ओवरों के किए गए एकमात्र टी20 मुकाबले में भारतीय मेंस क्रिकेट टीम ने जापान को 2 रनों से हराकर एक बड़े और ऐतिहासिक उलटफेर से खुद को बचा लिया। हालांकि, भारत के नामचीन सितारों से सजी बल्लेबाजी इस मुकाबले में पूरी तरह पस्त नजर आई और टीम इंडिया 5 ओवर में 4 विकेट खोकर महज 32 रन ही बना सकी। जवाब में जापानी टीम ने गजब का जज्बा दिखाया और मैच को अंतिम गेंद तक खींचते हुए 5 ओवर में 30 रन बनाए। इस बेहद क्लोज और लो-स्कोरिंग थ्रिलर में जीत दर्ज करने के बाद भारतीय कप्तान श्रेयस अय्यर ने जापानी खिलाड़ियों के रवैये और अप्रोच की जमकर तारीफ की, वहीं साणो की मुश्किल पिच के मिजाज पर भी खुलकर अपनी राय रखी।
श्रेयस अय्यर ने क्या कहा?
मैच के बाद बातचीत में कप्तान श्रेयस अय्यर ने कहा, ‘ईमानदारी से कहूं तो इस विकेट पर बल्लेबाजी करना बेहद कठिन था। हमने देखा कि हमारे नियमित रन बनाने वाले ओपनर्स भी गेंद की गति और स्पिन का अंदाजा नहीं लगा पा रहे थे। जब मैं क्रीज पर गया, तो मैंने तय किया कि सिंगल और डबल लेकर स्ट्राइक रोटेट करना ही सबसे महत्वपूर्ण है। मैंने साथ आए बल्लेबाजों से भी बात की, लेकिन ऐसा करना भी काफी मुश्किल साबित हो रहा था।’
पिच के बर्ताव पर बात करते हुए उन्होंने आगे कहा, ‘गेंद टर्न हो रही थी और रुककर आ रही थी, इसलिए मैंने तय किया कि गेंद की मेरिट पर खेलूंगा और पेस का इस्तेमाल करके सिंगल-डबल निकालूंगा। 5 ओवर के मैच को लेकर मैं हमेशा कहता हूं कि खेल किसी भी तरफ जा सकता है। इससे फर्क नहीं पड़ता कि आप कितनी बड़ी टीम हैं, क्योंकि सामने वाली टीम भी प्रतिस्पर्धा करने उतरती है। जापान ने आज जिस तरह का नजरिया और अप्रोच दिखाया, वह बेमिसाल था। उनके इस जज्बे की तारीफ करनी होगी। वे सही दिशा में हैं और अफगानिस्तान तथा नेपाल के खिलाफ अगले मैचों में बेहतरीन प्रदर्शन करेंगे। हमारे लिए भी इस पिच को समझने का यह बहुत अच्छा अभ्यास रहा।’
पूरे मैच में नहीं लगा एक भी छक्का, गेंदबाजों ने बचाई भारत की लाज
टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी भारतीय टीम की शुरुआत बेहद खराब रही। पहले ओवर की पहली ही गेंद पर ओपनर अभिषेक शर्मा गोल्डन डक हो गए। संजू सैमसन और ईशान किशन भी सस्ते में पवेलियन लौट गए। कप्तान श्रेयस अय्यर ने 12 गेंदों में सर्वाधिक 16 रन बनाए और टीम को 32 के स्कोर तक पहुंचाया। 33 रनों के लक्ष्य का पीछा करने उतरी जापान की टीम को वॉशिंगटन सुंदर और यश ठाकुर की अनुशासित गेंदबाजी ने बांधकर रखा। सुंदर ने 2 विकेट चटकाए। केंडेल (12 रन) ने जापान को जीत के करीब पहुंचाया, लेकिन भारतीय गेंदबाजों ने 5 ओवर में जापान को 30 रन पर ही रोक दिया।



