‘श्रमिकों के बच्चे सिर्फ श्रमिक नहीं, पढ़ लिखकर बनेंगे अधिकारी’, जेवर में बोले सीएम योगी आदित्यनाथ

ग्रेटर नोएडा में आयोजित एक महत्वपूर्ण कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने श्रमिक वर्ग के जीवन स्तर को ऊंचा उठाने की दिशा में कई अहम घोषणाएं कीं। जेवर स्थित मुख्यमंत्री कंपोजिट स्कूल की आधारशिला रखते हुए उन्होंने कहा कि अब श्रमिकों के बच्चे केवल मजदूरी तक सीमित नहीं रहेंगे, बल्कि वे शिक्षित होकर अधिकारी बनने का सपना साकार करेंगे। सरकार का मुख्य उद्देश्य श्रमिक परिवारों के बच्चों को बेहतर शिक्षा और उज्ज्वल भविष्य प्रदान करना है।
श्रमिकों के लिए स्वास्थ्य और सुविधाओं का विस्तार
मुख्यमंत्री ने बताया कि जिले में श्रमिक सुविधा केंद्रों का विस्तार किया जाएगा, जिससे श्रमिकों को आवश्यक सेवाएं एक ही स्थान पर मिल सकें। इसके साथ ही नॉलेज पार्क-5 में 300 बेड की क्षमता वाला ईएसआईसी अस्पताल बनाया जाएगा। इस अस्पताल के माध्यम से औद्योगिक क्षेत्रों में कार्यरत श्रमिकों और उनके परिवारों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। यह सुविधा पूरी तरह श्रमिकों के लिए समर्पित होगी।
आवास और मूलभूत सुविधाओं पर जोर
सरकार ने आवास और औद्योगिक विकास विभाग को नीति में बदलाव करने के निर्देश दिए हैं, ताकि जहां उद्योग स्थापित हैं, वहां श्रमिकों के लिए आवासीय व्यवस्था सुनिश्चित की जा सके। इसके तहत डॉर्मिटरी बनाने, सस्ती कैंटीन उपलब्ध कराने और किफायती दरों पर भोजन की सुविधा देने पर विशेष ध्यान दिया जाएगा।
रोजगार सृजन में बड़ी उपलब्धि
मुख्यमंत्री ने जानकारी दी कि प्रदेश की 18 कमिश्नरी में अटल आवासीय विद्यालय स्थापित किए जा चुके हैं। पिछले नौ वर्षों में एमएसएमई क्षेत्र के माध्यम से तीन करोड़ से अधिक लोगों को रोजगार प्रदान किया गया है। इसके अलावा श्रमिकों के लिए डॉर्मिटरी, सस्ती भोजन व्यवस्था, मनोरंजन सुविधाएं और बेहतर जीवनशैली से जुड़ी सेवाएं भी विकसित की जाएंगी।
बीमा और सुरक्षा योजनाओं की पहल
श्रमिकों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए सरकार जल्द ही पांच लाख रुपये तक की दुर्घटना बीमा योजना शुरू करने जा रही है। इसके साथ ही श्रमिकों को वेज बोर्ड और बीमा योजनाओं से जोड़ने के लिए श्रम एवं सेवायोजन विभाग को आवश्यक निर्देश दिए गए हैं।
विकास में शांति का महत्व
मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में यह भी कहा कि कुछ तत्व औद्योगिक क्षेत्रों में अशांति फैलाने का प्रयास करते हैं, लेकिन विकास के लिए शांति और स्थिरता अत्यंत आवश्यक है। अशांति से केवल नुकसान होता है, जबकि शांत वातावरण में ही प्रगति संभव है।
शिक्षित और आत्मनिर्भर बनेगी नई पीढ़ी
मुख्यमंत्री ने जोर देकर कहा कि अब श्रमिक केवल मेहनतकश तक सीमित नहीं रहेंगे, बल्कि उनकी अगली पीढ़ी शिक्षित, कुशल और आत्मनिर्भर बनेगी। सरकार का लक्ष्य श्रमिकों के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाना और उन्हें समाज की मुख्यधारा में आगे बढ़ाना है।



