उत्तर प्रदेशराज्‍य

SIR और ‘जीरामजी’ के लिए अब जमीन पर उतरेगा योगी मंत्रिमंडल, सीएम योगी ने सौंपी जिम्मेदारी

लखनऊ। प्रदेश को एक ट्रिलियन की इकोनोमी बनाने और ग्राम्य विकास के जरिए विकसित भारत का लक्ष्य हासिल करने की दिशा में जी राम जी- कानून अहम कड़ी साबित होगा।

ऐसी ही संकल्पना के साथ मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मंगलवार को लोकभवन में जब विकसित भारत जी राम जी-गारंटी फार रोजगार एवं आजीविका मिशन को लेकर प्रेस वार्ता की तो साफ हो गया कि भाजपा न सिर्फ इसे विकास का खास टूल बनाएगी, बल्कि मनरेगा को असफल और भ्रष्ट बताकर कांग्रेस व सपा समेत कई दलों पर निशाना भी साधेगी।

सीएम ने जी राम जी की सराहना करते हुए कहा कि अब गड्ढा खोदने एवं पाटने के बजाय रेन वाटर हारवेस्टिंग, चेक डैम, सड़क, नाली, खेल मैदान, ओपन जिम, मंडी निर्माण एवं बड़ी पंचायतों में माल निर्माण जैसे स्थायी कार्य कराए जाएंगे। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में यह अधिनियम विकसित भारत की नींव बनेगा। प्रदेश की करीब 58 हजार ग्राम पंचायतों और एक लाख से अधिक राजस्व ग्रामों को लाभ मिलेगा। प्रदेश को सर्वाधिक लाभ होगा।

सीएम ने कहा कि पुरानी मनरेगा में फर्जी जाब कार्ड, फर्जी हाजिरी, भुगतान में कटौती, मजदूरी में देरी जैसी कई समस्याएं थीं। किसानों को खेती के समय मजदूर नहीं मिलते थे और मजदूरों को जरूरत पर काम नहीं मिलता था। मनरेगा पूरी तरह विफल रही। योगी ने नए अधिनियम के तहत प्रत्येक परिवार को 125 दिन का रोजगार मिलने, साप्ताहिक भुगतान एवं काम न मिलने पर भत्ता देने की बात कही।

यह भी कहा कि बुआई और कटाई के समय 60 दिन का विराम होगा, ताकि किसानों और मजदूरों के हित सुरक्षित रहें। डिजिटल भुगतान, बायोमेट्रिक उपस्थिति, जियो टैगिंग, एआई टूल्स का इस्तेमाल होगा। हर छह माह में सोशल आडिट और कैग से आडिट होगा। केंद्र और राज्य की साझेदारी 60:40 होगी। कुल आवंटन में वृद्धि से 17 हजार करोड़ रुपये अधिक धन मिलेगा।

योगी ने कहा कि उत्तर प्रदेश इस समय देश का फूड बास्केट है। बड़ी पंचायतों में माल बनाए जा सकेंगे। विकसित गांव ही ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत बनाएंगे। विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि संसाधनों पर डकैती डालने वाले, गरीबों को भूखा मारने और युवाओं को बेरोजगार रखने वालों की पोल खुल रही है। वे अब सवाल उठा रहे हैं, लेकिन मनरेगा की विफलताओं पर चुप हैं। सीएम ने कहा कि हर पात्र को समय पर काम, हर गांव में टिकाऊ ढांचा व हर श्रमिक के जीवन में सम्मान एवं खुशहाली देने का लक्ष्य है।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button