अंकित बालियान हत्याकांड: दोनों शूटर और साजिशकर्ता घोषित किए गए भगोड़ा

शामली। हरियाणवी सिंगर अंकित बालियान हत्याकांड में पुलिस के लिए चुनौती बने फरार शूटर सत्यम और आर्यन के साथ ही हत्याकांड के मुख्य साजिशकर्ता भोलू शाहपुरिया पर शिकंजा कस दिया है। अदालत के आदेश पर तीनों भगौड़ा घोषित कर दिया गया है। इन तीनों की गिरफ्तारी पर पहले ही एक एक लाख का ईनाम भी घोषित किया जा चुका है। गत 26 अगस्त की शाम शामली में आर्यपुरी नाला पटरी पर स्थित जिम से निकलते समय हरियाणावी सिंगर बंतीखेड़ा निवासी अंकित बालियान की गोलियों से भूनकर हत्या कर दी गयी थी। इस हत्या को अंजाम देने वाले चारों शूटर गली में लगे सीसीटीवी कैमरों में कैद हो गए थे। हत्या को अंजाम देने के बाद वह हथियार लहराते हुए फरार हो गए थे। पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज से शूटरों को चिन्हित कर इनकी तलाश में जुट गयी। इनमें से दो शूटर मोहित और सुमित 31 अगस्त की सुबह ही पुलिस मुठभेड़ में मारे गए जबकि करनाल के सत्यम और आर्यन पुलिस के हत्थे नहीं चढ़े। पुलिस की जांच शूटरों तक ही सीमित नहीं रही बल्कि घटना के मुख्य साजिशकर्ता गोगी गैंग के सरगना भोलू शाहपुरिया तक पहुंची।
मुख्य साजिशकर्ता की पहचान
भोलू शाहपुरिया ने ही सोशल मीडिया पर अंकित की हत्या की जिम्मेदारी लेते हुए पोस्ट सोशल मीडिया पर वायरल किया था। साथ ही अंकित बालियान द्वारा फिल्माया गया भरी कोर्ट में गोली मारेंगे गीत बताया गया। उनका मानना है कि विरोधी गैंग के कहने पर अंकित ने उनके गैंग के पूर्व सरगना जितेंद्र मान उर्फ गोगी की हत्या को लेकर बनाया है। पुलिस जांच में भी भोलू शाहपुरिया ही हत्या का मुख्य साजिशकर्ता निकला। इसके साथ ही उसने हत्या को अंजाम तक पहुंचाने के लिए करनाल जेल में बंद राकेश उर्फ पंपू एवं तिहाड जेल में बंद रोहित को माध्यम बनाया। यह दोनों तो जेल में है। पुलिस के भोलू एवं फरार शूटर सत्यम और आर्यन की गिरफ्तारी चुनौती बन गयी है। पुलिस तीनों पर एक एक लाख रुपये का ईनाम भी घोषित कर चुकी है लेकिन हत्याकांड के एक माह बाद भी तीनों ही पुलिस के हाथ नहीं आ रहे है। ऐसे में पुलिस की याचिका पर अदालत ने भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (बीएनएसएस) की धारा 84 नोटिस के बाद अदालत बीएनएसएस की धारा 85 के तहत आरोपी की चल-अचल संपत्ति कुर्क करने के आदेश जारी कर दिए है। एसपी नरेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि तीनों को भगौड़ा घोषित किया है। इनके खिलाफ कुर्की मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। दो तीन दिन में कुर्की की कार्रवाई की की जायेगी।
लुकआउट नोटिस की जानकारी
तीनों का पहले ही जारी हो चुका था लुकआउट नोटिस
अंकित बालयान हत्याकांड में फरार भोलू शाहपुरिया, सत्यम और आर्यन के विदेश भागने की आशंका को देखते हुए पुलिस ने पहले ही तीनों के खिलाफ लुकआउट नोटिस जारी करा दिया था। पुलिस को आशंका थी कि गिरफ्तारी से बचने के लिए आरोपी देश से बाहर जाने का प्रयास कर सकते हैं। लुकआउट नोटिस के जरिए एयरपोर्ट समेत आव्रजन बिंदुओं पर उनकी आवाजाही पर नजर रखने की व्यवस्था की गई। पुलिस की ओर से पहले जारी जानकारी में भी तीनों समेत अन्य आरोपियों के खिलाफ लुकआउट नोटिस की कार्रवाई का उल्लेख किया गया था



