पूर्वी यूपी के पहले सेंटर ऑफ एक्सीलेंस का उद्घाटन करेंगे CM योगी, AI वर्कशॉप; किसानों का सम्मान

गोरखपुर। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ बुधवार को महाराणा प्रताप इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नालाजी परिसर में स्थापित सेंटर ऑफ एक्सीलेंस का उद्घाटन करेंगे। टाटा कंसल्टेंसी सर्विस के सहयोग तैयार हुए इस सेंटर के उद्घाटन अवसर पर टाटा संस के चेयरमैन एन चंद्रशेखर भी मौजूद रहेंगे।
सेंटर के उद्घाटन अवसर पर ‘एआई अवेयरनेस फार आल’ ट्रेनिंग वर्कशाप का भी शुभारंभ होगा। इस वर्कशाप में प्रतिभागियों की संख्या के लिहाज से विश्व कीर्तिमान रचने की भी तैयारी की गई है।
विश्व स्तरीय मानक के अनुरूप होगा विकसित
पूर्वी उत्तर प्रदेश का पहला सेंटर ऑफ एक्सीलेंस करीब 50 करोड़ रुपये की लागत से स्थापित हुआ है। इसे विश्व स्तरीय मानक के अनुरूप विकसित किया गया है। सेंटर के ढांचागत निर्माण पर 19.35 करोड़ रुपये, फर्नीचर व फर्निशिंग पर 2.40 करोड़, ड्रोन टेक्नोलॉजी सेंटर पर 1.84 करोड़, एआई सेंटर पर 9.56 करोड़, स्पेस टेक्नोलाजी सेंटर पर 2.09 करोड़, साइबर सिक्योरिटी सेंटर पर 6.19 करोड़ और 3डी प्रिंटिंग सेंटर पर 6.79 करोड़ रुपये खर्च हुए हैं।
इस सेंटर ऑफ एक्सीलेंस कांप्लेक्स में ड्रोन टेक्नोलाजी एंड 3डी प्रिंटिंग, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, स्पेस टेक्नोलाजी, साइबर सिक्युरिटी के सेंटर ऑफ एक्सीलेंस में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, साइबर सिक्युरिटी, ड्रोन टेक्नोलाजी, स्पेस टेक्नोलॉजी, थ्री डी प्रिंटिंग समेत एकीकृत पाठ्यक्रम संचालित होंगे।
एमपीआईटी के निदेशक सुधीर अग्रवाल का कहना है कि सेंटर ऑफ एक्सीलेंस में उभरती प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में अत्याधुनिक प्रयोगशालाएं स्थापित की गई हैं। सेंटर में कौशल विकास से नवाचार को प्रेरित किया जाएगा, जिससे स्टार्टअप को बढ़ावा बढ़ावा मिलेगा और रोजगार क्षमता में वृद्धि होगी। सेंटर का लक्ष्य इंटीग्रेटेड इनोवेशन ईकोसिस्टम का निर्माण करना है।
‘एआई अवेयरनेस फार आल’ वर्कशाप में मिलेगा यह प्रशिक्षण
सेंटर ऑफ एक्सीलेंस के उद्घाटन के साथ ही शुरू होने वाले 60 दिवसीय एआई अवेयरनेस फार आल ट्रेनिंग वर्कशाप में एआई का परिचय, जेनेरेटिवएआई टूल्स, प्राम्प्टिंग एंड प्रोडक्टिविटी, रिस्पांसिबल एआई यूज, साइबर हाइजीन, फ्राड प्रिवेंशन, पासवर्ड एंड ओटीपी सेफ्टी और सेफ डिजिटल प्रैक्टिसेज के बारे में विस्तृत प्रशिक्षण प्राप्त होगा।
इसके अलावा एआई अवेयरनेस फार फार्मर्स वर्कशाप में कृषि में एआई, मौसम और फसल योजना, डिजिटल फार्मिंग टूल्स और रूरल प्रोडक्टिविटी सपोर्ट के बारे में विस्तार से व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया जाएगा।
पूर्वी उत्तर प्रदेश के 15 तकनीकी संस्थानों को मिलेगा सेंटर का लाभ
एमपीआइटी के सेंटर ऑफ एक्सीलेंस का लाभ केवल एमपीआईटी के ही छात्रों को नहीं मिलेगा। इसकी सुविधाओं से अखिल भारतीय तकनीकी शिक्षा परिषद (एआईसीटीई) से अनुमोदित 15 अन्य तकनीकी शिक्षण संस्थानों के विद्यार्थी भी लाभान्वित हो सकेंगे।
जो संस्थान सेंटर से लाभान्वित होंगे उनमें मदन मोहन मालवीय प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय, राजकीय पॉलिटेक्निक गोरखपुर, राजकीय महिला पॉलिटेक्निक गोरखपुर, महामाया राजकीय पॉलिटेक्निक हरिहरपुर खजनी, नेशनल इंस्टिट्यूट ऑफ इलेक्ट्रानिक्स एंड इन्फार्मेशन टेक्नोलाजी गोरखपुर सेंटर, महाराणा प्रताप पॉलिटेक्निक गोरखपुर, बुद्धा इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलाजी गीडा, बुद्धा पॉलिटेक्निक कॉलेज गीडा शामिल है।
इसके अलावा, आईटीएम गीडा, आइटीएम पॉलिटेक्निक गीडा गोरखपुर, केआईपीएम कालेज ऑफ इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलाजी गीडा, लिटिल फ्लावर पॉलिटेक्निक गोरखपुर, महामानव गौतम बुद्ध पॉलिटेक्निक बनकटी खुर्द, सुयश इंस्टीट्यूट ऑफ इन्फार्मेशन टेक्नोलाजी हक्काबाद और विकास इंस्टीट्यूट ऑफ इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलाजी गोरखपुर शामिल हैं।



