खुदकुशी करने के लिए गंगा में कूदी 75 साल की महिला, 15 KM तक बही… फिर बची जान

गाजीपुर: यूपी के गाजीपुर में 75 साल की वृद्धा ने पारिवारिक समस्याओं से तंग आकर मार्कण्डेय महादेव मंदिर के पास गंगा नदी में छलांग लगा दी। वह करीब 15 किलोमीटर तक नदी की लहरों पर बहती हुई गाजीपुर के वराह धाम घाट पहुंची, जहां 3 युवकों ने उनकी जान बचा ली। वृद्धा अब सुरक्षित है। उनके बारे में उनके परिवार को सूचित कर दिया गया है।
घटना शनिवार, 17 अगस्त 2025 की है। वराह धाम घाट पर तीन युवक पिंटू यादव और उनके दो साथी गंगा की उफनती लहरों को देख रहे थे। तभी उन्हें लहरों में एक वृद्धा बहती दिखाई दी। जिसके हाथ-पैर हिल रहे थे। बिना देर किए तीनों ने गंगा में छलांग लगाई और वृद्धा को किनारे लाकर उनकी जान बचाई। उस समय वृद्धा बासमती देवी अचेत थीं। लेकिन वह जीवित थीं। युवकों ने उन्हें तुरंत नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया। जहां प्राथमिक उपचार के बाद वह होश में आईं।
बासमती देवी ने बताया कि वह मौधिया तड़ियाव गांव की रहने वाली हैं। उनके चार बेटे राम सकल, रामविलास, अशोक और राम दुलारे हैं। सभी की शादी हो चुकी है। इसके बावजूद पारिवारिक उपेक्षा और समस्याओं से परेशान होकर उन्होंने आत्महत्या का निर्णय लिया। इसके लिए वह मार्कण्डेय महादेव घाट पहुंचीं और गंगा में कूद गईं। लेकिन 15 किलोमीटर तक लहरों पर बहने के बावजूद वह डूबी नहीं। गंगा की लहरों ने उन्हें वराह धाम घाट तक सुरक्षित पहुंचाया, जहां युवकों ने उनकी जान बचा ली।
इस घटना को लोग चमत्कार मान रहे हैं। युवकों ने सैदपुर कोतवाली पुलिस को सूचना दी। वृद्धा के परिजनों को भी बुलाया गया। बासमती देवी का प्राथमिक उपचार हो चुका है। वह अब सुरक्षित हैं।



